लक्ष्मी मंत्र
धन, समृद्धि और सौभाग्य प्राप्ति के लिए जपे जाते हैं। नीचे कुछ प्रमुख मंत्र और उनके उपयोग दिए गए हैं: 1. श्री लक्ष्मी बीज मंत्र मंत्र: ॐ श्रीं ह्रीं क्लीं ऐं सौः ॐ ह्रीं कौम गं गणपतये नमः स्वाहा। उपयोग: इस मंत्र का जप दीपावली, धनतेरस या किसी शुभ मुहूर्त में करना चाहिए। रोजाना सुबह स्नान के बाद स्वच्छ वस्त्र पहनकर, लक्ष्मी मंदिर या पूजा स्थल पर दीप जलाएं। 108 बार इस मंत्र का जप करें, रुद्राक्ष या कमलगट्टे की माला का उपयोग करें। इससे धन, समृद्धि और व्यापार में वृद्धि होती है। 2. लक्ष्मी गायत्री मंत्र मंत्र: ॐ श्री महालक्ष्म्यै च विद्महे, विष्णुप्रियायै च धीमहि, तन्नो लक्ष्मीः प्रचोदयात्। उपयोग: इस मंत्र का जप सुबह-शाम 11, 21 या 108 बार करें। इसे शुक्ल पक्ष के शुक्रवार या पूर्णिमा के दिन शुरू करना शुभ होता है। धन की कमी दूर करने और आर्थिक स्थिरता के लिए प्रभावी है। जप के समय लक्ष्मी जी की मूर्ति या चित्र के सामने बैठें और धूप-दीप जलाएं। 3. श्री महालक्ष्मी मंत्र मंत्र: ॐ श्रीं ह्रीं श्रीं कमले कमलालये प्रसीद प्रसीद श्रीं ह्रीं श्रीं ॐ महालक्ष्म्यै नमः। उपयोग: इस मंत्र का जप धन प...